सऊदी अरब का ईरान को कड़ा संदेश: मिडिल ईस्ट जंग पर 12 बड़े अपडेट्स
मिडिल ईस्ट में तनाव अब एक नए और खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। सऊदी अरब ने स्पष्ट कर दिया है कि वह अपनी सुरक्षा के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार है। यहाँ इस भीषण संघर्ष से जुड़े 12 सबसे महत्वपूर्ण अपडेट्स दिए गए हैं:
- सऊदी अरब की खुली चेतावनी: सऊदी कैबिनेट ने, जिसकी अध्यक्षता क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान (MBS) ने की, घोषणा की है कि किंगडम अपनी सुरक्षा और नागरिकों की रक्षा के लिए “सभी आवश्यक उपाय” करेगा।
- ईरानी राजदूत को तलब किया गया: सऊदी अरब ने रियाद में ईरान के राजदूत अलीरेजा इनायती को तलब कर अपनी धरती पर हुए हमलों पर कड़ा विरोध दर्ज कराया है।
- अमेरिकी दूतावास पर हमला: रियाद में अमेरिकी दूतावास पर दो ईरानी ड्रोन्स से हमला हुआ, जिससे परिसर में मामूली आग लग गई। हालांकि, सऊदी एयर डिफेंस ने कई अन्य ड्रोन्स को बीच में ही मार गिराया।
- रियाद और अल-खर्ज की सुरक्षा: सऊदी रक्षा मंत्रालय ने पुष्टि की है कि रियाद और अल-खर्ज की ओर आ रही 2 क्रूज मिसाइलों और 9 ड्रोन्स को सफलतापूर्वक इंटरसेप्ट कर नष्ट कर दिया गया है।
- ईरान में तबाही का मंजर: “ऑपरेशन एपिक फ्यूरी” के तहत अमेरिका और इजरायल के हमलों में अब तक ईरान में कम से कम 787 लोगों की मौत हो चुकी है।
- अयातुल्ला खामेनेई का अंतिम संस्कार: अमेरिकी-इजरायली हमले में मारे गए ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई का अंतिम संस्कार बुधवार रात 10 बजे (तेहरान समय) शुरू होगा।
- कतर में जासूसी नेटवर्क का भंडाफोड़: कतर ने ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) से जुड़े दो जासूसी सेल को पकड़ा है और 10 संदिग्धों को गिरफ्तार किया है।
- होर्मुज की खाड़ी पर खतरा: ईरान ने होर्मुज की खाड़ी (Strait of Hormuz) को ब्लॉक करने की धमकी दी है, जिससे दुनिया की 20% गैस और तेल आपूर्ति बाधित हो सकती है।
- इजरायल पर मिसाइल बारिश: बुधवार तड़के ईरान ने इजरायल पर नई मिसाइलें दागीं, जिससे यरूशलेम और तेल अवीव सहित पूरे देश में हवाई हमले के सायरन बज उठे।
- लेबनान में भीषण बमबारी: इजरायल ने दक्षिणी लेबनान के 13 और गांवों को खाली करने का आदेश दिया है और हिजबुल्लाह के ठिकानों पर भारी हवाई हमले जारी रखे हैं।
- भारतीयों के लिए एडवाइजरी: भारत सरकार ने ईरान और सऊदी अरब में फंसे अपने नागरिकों के लिए 24×7 हेल्पलाइन शुरू की है और जेद्दा से विशेष उड़ानों का इंतजाम किया है।
- वैश्विक बाजारों में हड़कंप: मिडिल ईस्ट में जारी इस जंग के कारण कच्चे तेल की कीमतें $80 प्रति बैरल के पार निकल गई हैं और एशियाई शेयर बाजारों में भारी गिरावट देखी गई है।

