जम्मू-कश्मीर में बड़ा ऑपरेशन: जैश-ए-मोहम्मद का खतरनाक मॉड्यूल खत्म, तीन आतंकियों की पहचान उजागर
जम्मू-कश्मीर में सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। संयुक्त ऑपरेशन में प्रतिबंधित आतंकी संगठन Jaish-e-Mohammed के सबसे सक्रिय और खतरनाक मॉड्यूल को ढेर कर दिया गया। मुठभेड़ में तीन आतंकवादी मारे गए, जिनकी पहचान भी कर ली गई है।
खुफिया इनपुट के बाद शुरू हुआ ऑपरेशन
सूत्रों के अनुसार सुरक्षाबलों को इलाके में आतंकियों की मौजूदगी की पुख्ता जानकारी मिली थी। इसके बाद Indian Army, Jammu and Kashmir Police और Central Reserve Police Force (CRPF) ने संयुक्त सर्च ऑपरेशन शुरू किया।
घेराबंदी के दौरान आतंकियों ने फायरिंग शुरू कर दी, जिसके बाद मुठभेड़ तेज हो गई। कई घंटों चली गोलीबारी के बाद तीनों आतंकवादी मार गिराए गए।
मारे गए आतंकियों की पहचान
अधिकारियों ने बताया कि मारे गए आतंकियों में एक स्थानीय कमांडर भी शामिल था, जो पिछले कई महीनों से सक्रिय था। उस पर सुरक्षाबलों और आम नागरिकों पर हमलों की साजिश रचने का आरोप था।
तीनों के पास से भारी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद बरामद हुआ है, जिसमें AK-47 राइफलें, ग्रेनेड और संचार उपकरण शामिल हैं।
बड़ी साजिश नाकाम
सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि यह मॉड्यूल घाटी में बड़े हमले की तैयारी कर रहा था। समय रहते की गई कार्रवाई से एक बड़ी साजिश को नाकाम कर दिया गया।
विशेषज्ञों का कहना है कि हाल के महीनों में आतंकी संगठनों की सक्रियता बढ़ाने की कोशिशें की जा रही थीं, लेकिन सुरक्षाबलों की सटीक खुफिया रणनीति ने उन्हें लगातार विफल किया है।
इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी
मुठभेड़ के बाद पूरे क्षेत्र में तलाशी अभियान चलाया जा रहा है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोई अन्य आतंकी छिपा न हो। एहतियातन इंटरनेट सेवाओं पर अस्थायी पाबंदी और अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है।
शांति बनाए रखने की अपील
प्रशासन ने स्थानीय लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि घाटी में अमन-चैन बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है।
यह ऑपरेशन सुरक्षाबलों के समन्वय और सतर्कता का बड़ा उदाहरण माना जा रहा है। आतंक के खिलाफ जारी अभियान में इसे एक अहम सफलता के तौर पर देखा जा रहा है।

